Difference Between Loan Waiver and Write Off, कर्ज माफी और राइट ऑफ में क्या अंतर है, जाने विस्तार से

Safalta experts Published by: Chanchal Singh Updated Sun, 14 Aug 2022 05:35 PM IST

Highlights

कर्ज माफी में पूरी तरह से कर्ज लिए हुए व्यक्ति से वसूली को निरस्त कर देते हैं और उससे बकाया राशि को हटा दिया जाता है।

Difference Between Loan Waiver and Write Off : रिजर्व बैंक आरबीआई द्वारा सूचना का अधिकार आरटीआई एक्ट के तहत दी गई जानकारी के अनुसार आरटीआई कार्यकर्ता साकेत गोखले ने सूचना के अधिकार कानून के अंतर्गत देश के केंद्रीय बैंकों से 50 विलफुल डिफॉल्टर्स का बेवरा और उनके द्वारा लिए गए कर्ज की 16 फरवरी तक की स्थिति के बारे में जानकारी मांगी थी। जिसके बाद आरबीआई ने बताया कि 50 बड़े विलफुल डिफॉल्टर्स का 68607 करोड़ रुपए का कर्ज खाते में डाल दिया गया है। आइए जानते हैं कि कर्ज माफी और राइट ऑफ में क्या अंतर है।अगर आप प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहे हैं और विशेषज्ञ मार्गदर्शन की तलाश कर रहे हैं, तो आप हमारे जनरल अवेयरनेस ई बुक डाउनलोड कर सकते हैं   FREE GK EBook- Download Now. / GK Capsule Free pdf - Download here

Source: safalta


सभी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए इस  ऐप से करें फ्री में प्रिपरेशन - Safalta Application

Free Demo Classes

Register here for Free Demo Classes

  कर्ज माफी और राइट ऑफ में क्या अंतर है?


विलफुल डिफॉल्टर उन कर्ज दारों को कहा जाता है जो सक्षम होने के बावजूद भी जानबूझकर कर्ज नहीं  चुकाते हैं। लेकिन जब इन से कर्ज वापसी की उम्मीद नहीं रहती है तो बैंक इनके कर्ज को राइट ऑफ कर देते हैं। यानी  इनके कर्ज को बट्टे खाते में डाल देते हैं। यह कर्ज माफी नहीं होती है लेकिन ऐसे कर्ज को लगभग डूबा माना जाता है और यह रिजर्व बैंक के नियम के अंतर्गत होता है। आरबीआई के नियम के मुताबिक पहले ऐसे लोन को नॉन परफॉर्मिंग ऐसेट यानी NPA कहा जाता है। जिसके बाद उनकी वसूली नहीं हो पाती है और इनके वसूली की संभावना ना के बराबर रह जाती है। एनपीए को राइट ऑफ कर दिया जाता है, यानी बटे खाते में कर्ज को डाल दिया जाता है।

 राइट ऑफ कर्ज माफी क्यों नहीं है?


 राइट ऑफ कर्ज माफी नहीं है खाते में कर्ज को इसलिए डाला जाता है ताकि बही खाते में इस कर्ज का उल्लेख ना हो और बहीखाता ऐसे पुराने कर्ज जो नहीं चुकाया गया हो, उसकी लिखा पढ़ी से साफ सुथरा रहे और उसी हिसाब से प्रभावी तरीके से टैक्स देनदारी हो। लेकिन यह कर्ज माफी नहीं है ।अगर ऐसे कर्ज चुकाने वाले भगोड़े पकड़े जाते हैं या भारत वापस आते हैं तो उनसे कानूनी प्रक्रिया के अंतर्गत इस कर्ज की वसूली की जाती है। यह सभी बैंकों द्वारा चलाया गया आम चलन है और रिजर्व बैंक के नियम के अनुसार इस नियम का पालन किया जाता है।
 
सामान्य हिंदी ई-बुक -  फ्री  डाउनलोड करें  
पर्यावरण ई-बुक - फ्री  डाउनलोड करें  
खेल ई-बुक - फ्री  डाउनलोड करें  
साइंस ई-बुक -  फ्री  डाउनलोड करें  
अर्थव्यवस्था ई-बुक -  फ्री  डाउनलोड करें  
भारतीय इतिहास ई-बुक -  फ्री  डाउनलोड करें  
                        

 क्या राइट ऑफ वाले कर्ज की वसूली होती है ?


जब कोई कर्ज एनपीए हो जाता है तो बैंक उतने राशि की परमिशन अपने खाते में करते हैं यानी उतनी राशि को बही खाते में अलग दिखाते हैं कि इतने कर्ज रुपए का नुकसान हुआ है या हो सकता है। लेकिन जब यह राइट ऑफ हो जाता है तो बैंक इसकी भरपाई करता है। यानी बैंक को इतने कर्ज का घाटा होता है लेकिन राइट ऑफ किए गए कर्ज की वसूली बाद में भी हो सकती है। जिनका रेबारी का राइट ऑफ किया गया है। उसे बाद में वसूली की जा सकती है, पर इसकी वसूली की संभावना बहुत कम होती है। इस मामले में नाकामी भी हो सकती है। सरकार डिफाल्टर से कर्ज वसूल नहीं कर पाए और इसे डूबा हुआ मानना पड़ता है।

Free Daily Current Affair Quiz-Attempt Now with exciting prize

 कर्जमाफी क्या होता है?


कर्ज माफी में पूरी तरह से कर्ज लिए हुए व्यक्ति से वसूली को निरस्त कर देते हैं और उससे बकाया राशि को हटा दिया जाता है। जिसके बाद उस व्यक्ति से किसी भी तरह के लिए गए कर्ज की वसूली नहीं होती है। आमतौर पर यह के किसानों के साथ होता है जब किसानों के कर्ज को माफी दी जाती है या सरकार किसानों के कर्ज की भरपाई करती है। उदाहरण के तौर पर छत्तीसगढ़ राज्य में कांग्रेस सरकार भूपेश बघेल द्वारा किसानों के कर्ज को माफी दी गई थी।

सभी प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी के लिए इन करंट अफेयर को डाउनलोड करें
 

JULY Month Current affair

Indian States & Union Territories E book- 
 Monthly Current Affairs May 2022
 DOWNLOAD NOW
Download Now
डाउनलोड नाउ
Monthly Current Affairs April 2022 डाउनलोड नाउ
Monthly Current Affairs March 2022 डाउनलोड नाउ
Monthly Current Affairs February 2022 डाउनलोड नाउ
Monthly Current Affairs January 2022  डाउनलोड नाउ
Monthly Current Affairs December 2021 डाउनलोड नाउ
 

Related Article

Nepali Student Suicide Row: Students fear returning to KIIT campus; read details here

Read More

NEET MDS 2025 Registration begins at natboard.edu.in; Apply till March 10, Check the eligibility and steps to apply here

Read More

NEET MDS 2025: नीट एमडीएस के लिए आवेदन शुरू, 10 मार्च से पहले कर लें पंजीकरण; 19 अप्रैल को होगी परीक्षा

Read More

UPSC CSE 2025: यूपीएससी सिविल सेवा परीक्षा के लिए आवेदन करने की अंतिम तिथि बढ़ी, इस तारीख तक भर सकेंगे फॉर्म

Read More

UPSC further extends last date to apply for civil services prelims exam till Feb 21; read details here

Read More

Jhakhand: CM launches six portals to modernise state's education system

Read More

PPC 2025: आठवें और अंतिम एपिसोड में शामिल रहें यूपीएससी, सीबीएससी के टॉपर्स, रिवीजन के लिए साझा किए टिप्स

Read More

RRB Ministerial, Isolated Recruitment Application Deadline extended; Apply till 21 February now, Read here

Read More

RRB JE CBT 2 Exam Date: आरआरबी जेई सीबीटी-2 की संभावित परीक्षा तिथियां घोषित, 18799 पदों पर होगी भर्ती

Read More