Republic day 2023,गणतंत्र दिवस और स्वतंत्रता दिवस में क्या अंतर होता है, जानें रोचक तथ्यRepublic day 2023,गणतंत्र दिवस और स्वतंत्रता दिवस में क्या अंतर होता है, जानें रोचक तथ्य

Chanchal Singh

Chanchal is experienced hindi content writer, managing current affairs and news desk at safalta education.

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 26 जनवरी 2023 को पूरा देश अपना 74वां गणतंत्र दिवस मना रहा है।

Republic day 2023: 26 जनवरी 2023 को पूरा देश अपना 74वां गणतंत्र दिवस मनाया जाएगा। सभी सरकारी और गैर सरकारी संस्थानों में तिरंगा झंडा फहराया जाएगा। स्कूल,कॉलेज में रेली, परेड,पीटी, और कई सारे सांस्कृतिक कार्यक्रम का आयोजन किया जाएगा। जब भी हम गणतंत्र दिवस या स्वतंत्रता दिवस मनाते हैं हमारे दिमाग में इस बात का बात जरुर आता है कि इन दोनों में क्या अंतर होता होगा। इस विषय पर कई सारे सामान्य ज्ञान से जुड़े सवाल भी पूछे जाते हैं।

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Source: safalta

15 अगस्त और 26 जनवरी इन दोनों दिनों के बीच का अंतर बहुत से लोगों को नहीं पता होता है, आइए जानते हैं कि 15 अगस्त और 26 जनवरी यानी स्वतंत्रता दिवस और गणतंत्र दिवस इन दोनों दिनों में क्या अंतर है?

15 अगस्त (स्वतंत्रता दिवस)


यह दिन सालों की गुलामी के बाद 1947 में 15 अगस्त के दिन देश आजाद हुआ था। 15 अगस्त को देश के आजादी के उत्सव के रूप में स्वतंत्रता दिवस के नाम से मनाया जाता है।
 

26 जनवरी (गणतंत्र दिवस)


15 अगस्त 1947 में देश के आजाद होने के बाद भारत के पास अपना खुद का कोई संविधान नहीं था। यही कारण है कि देश के आजादी के बाद देश में संविधान बनाने की प्रक्रिया शुरू हुई थी और 26 जनवरी 1950 के दिन संविधान लागू हुआ था। भारत का संविधान ही देश की खूबसूरती है, जिसे 26 जनवरी को हर साल गणतंत्र दिवस के रूप में मनाया जाता है।
 

झंडा फहराने का तरीका क्या है

  
स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर झंडे को नीचे से रस्सी के माध्यम से खींचकर फहराया जाता है, जिसे ध्वजारोहण कहा जाता है।
वहीं 26 जनवरी के अवसर पर तिरंगा ऊपर ही बंधा होता है, जिसे झंडा फहराना कहा जाता है।
 

प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति की भूमिका


15 अगस्त स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर प्रधानमंत्री के द्वारा लाल किला पर ध्वजारोहण किया जाता है।
26 जनवरी गणतंत्र दिवस के दिन राजपथ पर राष्ट्रपति द्वारा झंडा फहराया जाता है।
 

मनाने का स्थान


स्वतंत्रता दिवस पर लाल किला दिल्ली से ध्वजारोहण किया जाता है।
गणतंत्र दिवस के दिन नई दिल्ली कर्तव्यपथ पर झंडा फहराया जाता है।

परेड का आयोजन


26 जनवरी गणतंत्र दिवस के दिन कर्तव्यपथ पर परेड आयोजित होती है।
15 अगस्त (स्वतंत्रता दिवस) के दिन परेड का आयोजन नहीं किया जाता।

26 जनवरी गणतंत्र दिवस के अवसर पर कर्तव्यपथ पर सैनिकों, अर्धसैनिक बलों की परेड होती है। इस परेड में अलग-अलग सेना के सैनिक प्रस्तुति दिखाते हैं। 
 

क्यों और कब मनाया जाता है स्वतंत्रता और गणतंत्र दिवस?


जैसा कि आप सब जानते हैं कि स्वतंत्रता दिवस 15 अगस्त को मनाया जाता है, इस दिन साल1947 में भारत को अंग्रेज शासकों से मुक्ति मिली थी। इस लिए इस दिन को स्वतंत्रता दिवस के रूप में मनाया जाता है।  26 जनवरी को गणतंत्र दिवस मनाया जाता है, इस दिन यानी 26 जनवरी 1950 को भारत का संविधान लागू कर भारत को पूर्ण रूप से गणतंत्र घोषित किया गया था इस लिए आज के दिन  को गणतंत्र दिवस के रूप में मनाया जाता है।

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स्वतंत्रता और गणतंत्र दिवस के तिरंगे फहराने के नियम में क्या अंतर होता है  

  • 15 अगस्त यानी स्वतंत्रता दिवस के दिन तिरंगे को ऊपर की ओर खींचकर फहराया जाता है।
  • जबकि गणतंत्र दिवस पर झंडा ऊपर ही बंधा होता है, इसे वहीं खोलकर फहराया जाता है।
  • गणतंत्र दिवस के दिन जब तिरंगा फहराया जाता है तब उसे तिरंगा फहराया गया कहा जाता है।
  • गणतंत्र दिवस के दिन देश के राष्ट्रपति कर्तव्यपथ पर झंडा फहराते हैं। (श्रीमती द्रौपदी मुर्मू में राष्ट्रपति के पद पर हैं)।
  • स्वतंत्रता दिवस  के अवसर पर देश के प्रधानमंत्री लाल किले पर ध्वजारोहण करते हैं। (वर्तमान में नरेंद्र दामोदर दास मोदी प्रधानमंत्री पद पर हैं)।
  •  15 अगस्त के दिन तिरंगे का ध्वजारोहण किया जाता है, इसे आम बोल चाल की भाषा में लोग तिरंगा फहराया गया कहते हैं, जो कि गलत है इसे ध्वजारोहण कहा जाना चाहिए ।

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नोट- 26 जनवरी 1950 को भारतीय संविधान लागू हुआ था, इसलिए इस दिन को गणतंत्र दिवस के रूप में मनाया जाता है। राष्ट्रपति एक संवैधानिक पद पर होते हैं इसलिए ही गणतंत्र दिवस के दिन राजपथ पर राष्ट्रपति ही झंडा फहराते हैं। देश के पहले राष्ट्रपति  डॉ. राजेन्द्र प्रसाद थे जिन्होंने  साल 1950 में देश के पहले गणतंत्र दिवस के अवसर पर झंड़ा फहराया था।  
 

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